अल्मोड़ा जिले के ईड़ा-जौरासी मोटरमार्ग के विस्तारीकरण कार्य के चलते रोड कटिंग का मलबा सीधे कोसी नदी की ओर गिराया जा रहा है। बृहस्पतिवार को गिराए गए मलबे से जनता, बहरों गांवों की लिफ्ट सिंचाई योजना का 250 केवीए ट्रांसफार्मर और बिजली की लाइनें ध्वस्त हो गईं और ट्रांसफार्मर गिरकर कोसी नदी में जा गिरा। इससे योजना की बिजली लाइनें तहस-नहस हो गईं और ग्रामीणों की सिंचाई व्यवस्था ध्वस्त हो गई है। वहीं, ऊर्जा निगम को करीब 10 से 12 लाख रुपये की क्षति पहुंची है। विद्युत खंड रानीखेत के अधिकारी इसके लिए ठेकेदार की लापरवाही को जिम्मेदार ठहरा रहे हैं। उनका कहना है कि यदि निर्माण कार्य के दौरान सुरक्षा मानकों का पालन होता तो यह घटना नहीं होती। सूचना मिलने के बाद ऊर्जा निगम ने मामले की जांच शुरू कर दी है और क्षति की भरपाई की कार्रवाई के लिए रिपोर्ट तैयार की जा रही है। दूसरी तरफ लोक निर्माण विभाग ने पहले ही स्पष्ट किया है कि यदि मलबा गिराने से कोई क्षति होती है तो उसकी जिम्मेदारी ठेकेदार की होगी और क्षति की भरपाई ठेकेदार से करवाई जाएगी।
