फलसीमा आईटीआई के इलेक्ट्रीशियन ट्रेड के विद्यार्थियों के लिए रोजगार का नया रास्ता खुल गया है। अब छात्र न केवल तकनीकी शिक्षा हासिल करेंगे बल्कि उद्योग जगत में प्रत्यक्ष अनुभव भी पाएंगे। शासन ने युवाओं को उद्योग आधारित कौशल प्रशिक्षण देने के उद्देश्य से राज्य की 32 आईटीआई में दोहरी प्रशिक्षण प्रणाली (डीएसटी) लागू की है। इसमें फलसीमा आईटीआई भी शामिल है। इस सत्र में इलेक्ट्रीशियन ट्रेड में दाखिला लेने वाले विद्यार्थियों को इस व्यवस्था का लाभ मिलेगा। डीएसटी के तहत छात्र पहले वर्ष संस्थान में तकनीकी शिक्षा प्राप्त करेंगे और दूसरे वर्ष टाटा मोटर्स जैसी प्रतिष्ठित कंपनी में अनुभवी इंजीनियरों के मार्गदर्शन में काम करके व्यावहारिक ज्ञान अर्जित करेंगे। इस दौरान उन्हें हर माह 8,000 रुपये का स्टाइपेंड भी मिलेगा। इस प्रणाली से विद्यार्थियों को सिर्फ किताबों तक सीमित ज्ञान ही नहीं मिलेगा बल्कि उद्योग की जरूरतों के अनुसार काम करने का अनुभव भी होगा। इसका सीधा फायदा यह होगा कि भविष्य में उन्हें अन्य उद्योगों में भी रोजगार के अधिक अवसर मिलेंगे। इसी कारण इस साल इलेक्ट्रीशियन ट्रेड में सभी 20 सीटें पूरी तरह भर चुकी हैं, जबकि पहले सीटें खाली रह जाना प्रबंधन के लिए चुनौती बना रहता था।
