चौखुटिया प्राथमिक विद्यालयों के भवनों की दुर्दशा का एक उदाहरण बोहरागांव में भी देखा जा सकता है। यहां विद्यालय का भवन पूरी तरह जर्जर हो गया है। मजबूरन विद्यालय के 12 बच्चों को पंचायत घर में शिक्षा लेनी पड़ रही है।
तीन दशक पूर्व शुरू हुए प्राथमिक विद्यालय बोहरागांव का भवन जर्जर हालत में है। भवन की छत, दीवारों पर लगा सीमेंट, दरवाजे, टूटी खिड़कियां दुर्दशा बयां कर रहे हैं। बार-बार विभागीय अधिकारियों, जनप्रतिनिधियों को खस्ताहाल भवन की मौखिक व लिखित शिकायत देने के बाद भी कोई कार्रवाई नहीं हुई। ग्राम प्रधान तुलसी देवी ने बताया कि बरसात में बच्चों को विद्यालय भवन के अंदर बैठाना खतरे से कम नहीं है। हल्की बारिश होने पर विद्यालय को बंद करना पड़ता है। अभिभावकों को बच्चों की पढ़ाई से ज्यादा उनकी सलामती की चिंता सताती है। बच्चों की शिक्षा चलती रहे इसके लिए शिक्षा विभाग ने कक्षाएं पंचायत घर में चलाने का निर्णय लिया। इसी भवन में आंगनबाड़ी के बच्चे भी शिक्षा ले रहे हैं। अभिभावकों ने जल्द विद्यालय का नया भवन बनाने की मांग की है।
