पंचायत सामान्य निर्वाचन-2025 के प्रथम चरण से पहले जिला प्रशासन ने तैयारियों को अंतिम रूप देने के लिए विकास भवन सभागार में एक महत्वपूर्ण बैठक का आयोजन किया। बैठक की अध्यक्षता जिलाधिकारी आलोक कुमार पांडेय ने की। इसमें प्रथम चरण की तैयारियों, सुरक्षा प्रबंधों और दायित्वों के वितरण को लेकर विस्तृत चर्चा की गई। जिलाधिकारी ने कहा कि यह चुनाव लोकतंत्र का आधार है, जिसमें सभी तैनात अधिकारियों की भूमिका अत्यंत महत्वपूर्ण है। उन्होंने सभी ज़ोनल और सेक्टर मजिस्ट्रेटों से कहा कि वे पूरी सजगता, निष्पक्षता और निर्णायक दृष्टिकोण के साथ अपने दायित्वों का निर्वहन करें। किसी भी प्रकार की लापरवाही या पक्षपातपूर्ण रवैये को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। उन्होंने ज़ोर देकर कहा कि मतदान के दौरान कानून व्यवस्था पूरी तरह नियंत्रित रहनी चाहिए, और इस बात का विशेष ध्यान रखा जाए कि शराब या अन्य अवैध गतिविधियों के माध्यम से चुनाव को प्रभावित न किया जा सके। सभी उपस्थित अधिकारियों को निर्देश दिए गए कि वे जान-पहचान, रिश्तेदारी या दबाव से मुक्त होकर कर्तव्य निभाएँ। बैठक को संबोधित करते हुए वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक देवेंद्र पिंचा ने कहा कि मतदान स्थलों की सुरक्षा व्यवस्था को लेकर पूर्ण योजना तैयार है। किसी भी अव्यवस्था से सख्ती से निपटने के निर्देश पुलिस अधिकारियों को दिए गए हैं । ज़ोनल और सेक्टर मजिस्ट्रेटों को निर्देशित किया गया कि वे संबंधित पुलिस अधिकारियों के साथ निरंतर समन्वय बनाए रखें और मतदान दलों से लगातार संपर्क में रहें।
बैठक में बताया गया-
-त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव के तहत दोनों चरणों में कुल 1160 ग्राम पंचायतों में मतदान होगा।
-1281 मतदान केंद्र स्थापित किए गए हैं।
-30 ज़ोनल मजिस्ट्रेट और 97 सेक्टर मजिस्ट्रेट तैनात किए गए हैं।जिलाधिकारी ने कहा कि यह केवल चुनाव नहीं, स्थानीय लोकतंत्र का महापर्व है। सभी अधिकारी इसे पूरी गंभीरता, पारदर्शिता और संवेदनशीलता के साथ संपन्न कराएं।
