अल्मोड़ा जिला कांग्रेस प्रवक्ता निर्मल रावत ने की SIT और पुलिस प्रशासन से मांग..
अंकिता भंडारी हत्याकांड को लेकर प्रदेशभर में चल रहे आंदोलन के बीच अल्मोड़ा जिला कांग्रेस प्रवक्ता निर्मल रावत ने बड़ा बयान दिया है। उन्होंने वनंत्रा रिसॉर्ट पर बुलडोजर चलाकर ध्वस्तीकरण कराने वालों के खिलाफ सुबूतों से छेड़छाड़ का मुकदमा दर्ज करने की मांग की है।निर्मल रावत ने कहा कि अंकिता भंडारी की हत्या के बाद घटनास्थल रहे वनंत्रा रिसॉर्ट पर बुलडोजर चलाया गया, जबकि यह स्थान जांच के लिहाज से अत्यंत महत्वपूर्ण था।
उन्होंने सवाल उठाया कि आज तक यह स्पष्ट नहीं हो पाया है कि इस ध्वस्तीकरण की कार्रवाई का आदेश सरकार या प्रशासन के किस अधिकारी ने दिया।उन्होंने आरोप लगाया कि रिसॉर्ट के उन कमरों को भी ध्वस्त किया गया, जहां मामले से जुड़े अहम साक्ष्य मौजूद हो सकते थे।
चूंकि पूरा घटनास्थल जांच के दायरे में था, इसलिए वहां किसी भी प्रकार की छेड़छाड़ नहीं की जानी चाहिए थी। इसके बावजूद यह कार्रवाई होना गंभीर लापरवाही को दर्शाता है।जिला कांग्रेस प्रवक्ता ने स्थानीय प्रशासन की भूमिका पर भी सवाल उठाते हुए कहा कि घटनास्थल प्रशासन के संज्ञान में होने के बावजूद उसे सुरक्षित नहीं रखा गया।
ऐसे में एसडीएम समेत स्थानीय प्रशासन की जिम्मेदारी तय होनी चाहिए।निर्मल रावत ने मांग की कि जिन लोगों के आदेश पर ध्वस्तीकरण हुआ और जो इस प्रक्रिया में शामिल रहे, उनके खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 238 के तहत सुबूतों से छेड़छाड़ का मुकदमा दर्ज किया जाए।
उन्होंने कहा कि राज्य की एसआईटी और पुलिस प्रशासन को इस मामले में नजीर पेश करनी चाहिए, अंत में कहा कि राज्य की जनता जानना चाहती है कि वनंत्रा रिसॉर्ट पर बुलडोजर चलाने का आदेश किसने दिया था, और सरकार व प्रशासन को इसका स्पष्ट जवाब देना चाहिए।
